डेली टीवी, चंडीगढ़। पंजाब विधानसभा में उस वक्त सियासी माहौल गरमा गया जब भगवंत मान की मौजूदगी में सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने आ गए। सदन में तीखी बहस, नारेबाजी और वॉकआउट के बीच स्पीकर कुलतार सिंह संधवां ने मुख्यमंत्री और विधायकों के डोप टेस्ट की मांग को खारिज कर दिया, जिससे विवाद और बढ़ गया।

नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा की इस मांग पर सत्तापक्ष ने कड़ा विरोध जताया। वहीं सुखपाल सिंह खैहरा और मुख्यमंत्री के बीच तीखी बहस के बाद कांग्रेस विधायकों ने वॉकआउट कर दिया।
इस राजनीतिक उठापटक के बीच आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार अब विधानसभा में विश्वास मत यानी फ्लोर टेस्ट लाने की तैयारी में है, ताकि बहुमत साबित कर विपक्ष को करारा जवाब दिया जा सके।










