डेली टीवी, चंडीगढ़/जालंधर। पंजाब सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए ₹2,60,437 करोड़ का बजट पेश किया है। प्रभावी राजस्व घाटा जीएसडीपी का 2.06% और राजकोषीय घाटा 4.08% अनुमानित है।


शिक्षा के लिए ₹19,279 करोड़ (7% वृद्धि) और ‘सिखिया क्रांति 2.0’ के तहत 6 वर्षों में ₹3,500 करोड़ का प्रावधान किया गया है। 20,000 स्कूलों में आधारभूत ढांचा सुदृढ़—99% में चारदीवारी, 10,095 शौचालय, 1 लाख डेस्क, 6,200 नई कक्षाएं; ₹690 करोड़ इंफ्रास्ट्रक्चर हेतु।
स्वास्थ्य क्षेत्र को ₹6,879 करोड़; ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के लिए ₹2,000 करोड़—हर परिवार को ₹10 लाख तक कैशलेस इलाज (65 लाख परिवार)। 143 नए क्लीनिक, 308 अपग्रेड; मेडिकल एजुकेशन हेतु ₹1,220 करोड़।
कृषि व संबद्ध क्षेत्रों को ₹15,377 करोड़; बिजली सब्सिडी ₹7,715 करोड़; पराली प्रबंधन ₹600 करोड़; धान से मक्का पायलट हेतु ₹15 करोड़; डेयरी ₹100 करोड़; गन्ना बकाया ₹270 करोड़; सिंचाई ₹2,971 करोड़।
ग्रामीण सड़कों के लिए ₹7,606 करोड़; पीएमएवाई-ग्रामीण ₹800 करोड़; ‘रंगला पंजाब’ ₹1,170 करोड़; शहरी विकास कोष ₹1,000 करोड़; उद्योग हेतु ₹2,805 करोड़ (₹500 करोड़ प्रोत्साहन)।
महिलाओं के लिए ‘मुख्यमंत्री मात्रां धीयां सत्कार योजना’—18+ महिलाओं को ₹1,000/माह, एससी महिलाओं को ₹1,500/माह; ₹9,300 करोड़ प्रावधान। मुफ्त बस यात्रा हेतु ₹600 करोड़।










